Ranchi : भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश कार्यालय में विकसित भारत रोजगार और आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण) अर्थात वीबी–जी राम जी अधिनियम को लेकर प्रदेश स्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने की, जबकि केंद्रीय ऊर्जा, आवास एवं शहरी विकास मंत्री मनोहर लाल मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। कार्यशाला में अधिनियम से जुड़ी गलतफहमियों को दूर करने और इसकी प्रमुख विशेषताओं को ग्रामीण स्तर तक पहुंचाने की रणनीति पर चर्चा हुई।
मनोहर लाल ने कहा कि वीबी–जी राम जी अधिनियम-2025 विकसित भारत–2047 के लक्ष्य को साधने वाला बड़ा कदम है। उन्होंने मनरेगा में फैले भ्रष्टाचार, कमजोर प्रशासनिक व्यवस्था और अनियोजित योजनाओं के कारण खर्च हुई राशि की ओर संकेत करते हुए कहा कि नया कानून वास्तविक जरूरतों के अनुसार योजनाओं को मंजूरी देता है। अब ग्राम पंचायत विकास योजना के माध्यम से कार्य तय होंगे और उन्हें ब्लॉक, जिला और राज्य स्तर पर समेकित किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि रोजगार गारंटी 100 दिन से बढ़ाकर 125 दिन कर दी गई है और समय पर मजदूरी भुगतान के साथ बेरोजगारी भत्ता का भी प्रावधान किया गया है। योजनाओं को जल सुरक्षा, ग्रामीण आधारभूत संरचना, आजीविका आधारित संरचनाएं और जलवायु प्रभाव आधारित कार्यों में वर्गीकृत किया गया है। नए अधिनियम में एआई-आधारित निगरानी, जीपीएस ट्रैकिंग और सार्वजनिक प्रकटीकरण जैसे प्रावधानों से पारदर्शिता बढ़ेगी।
बाबूलाल मरांडी और अन्य नेताओं ने कांग्रेस द्वारा फैलाए जा रहे भ्रम पर निशाना साधते हुए कार्यकर्ताओं से इस अधिनियम की जानकारी जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया। 15 से 17 जनवरी तक जिलों में इसी विषय पर कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी।



