Ranchi News : झारखंड सरकार के मंत्री चमरा लिंडा ने विभागीय बैठक को लेकर मीडिया में चल रही खबरों का खंडन किया है। मंत्री ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि 29 जुलाई 2025 को हुई बैठक में किसी कोचिंग संचालक या संबंधित किसी संस्थान से कोई चर्चा नहीं हुई थी और न ही अभी तक ऐसा कोई निर्णय लिया गया है।
मंत्री लिंडा ने कहा कि अखबारों में प्रकाशित खबरें पूरी तरह गलत हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके द्वारा किसी प्रकार का बयान नहीं दिया गया और न ही मीडिया में फैली रिपोर्ट्स के लिए उनकी सहमति या अनुमति ली गई थी। यह खबर मीडिया प्रभारी विवेक गांगुली द्वारा स्वयं से तैयार की गई थी, जो भ्रामक और तथ्यहीन है।
चमरा लिंडा ने इस प्रकार की रिपोर्ट को विभागीय कार्यों में भ्रम फैलाने वाला करार देते हुए कहा कि इसमें किसी प्रकार की सच्चाई नहीं है। उन्होंने जोर देकर कहा कि भविष्य में किसी भी तरह के कोचिंग संचालन या संबंधित फैसले केवल नियमों और प्रक्रियाओं के अनुरूप ही लिए जाएंगे।
मंत्री ने बताया कि मीडिया प्रभारी विवेक गांगुली की जिम्मेदारी और अधिकारिता का पुनर्मूल्यांकन किया जाएगा और यदि जांच में लापरवाही पाई जाती है तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल विवेक गांगुली को उनके इस भ्रामक कृत्य के लिए मीडिया प्रभारी के पद से निष्कासित कर दिया गया है।
इस पूरे प्रकरण पर मंत्री ने जनता और मीडिया से अपील की कि बिना सत्यापन के किसी भी खबर पर विश्वास न करें। उन्होंने कहा कि विभागीय निर्णय हमेशा पारदर्शिता और नियमों का पालन करते हुए ही लिए जाएंगे।



