चैनपुर प्रखंड क्षेत्र में प्रकृति पर्व करमा बड़े ही धूमधाम और पारंपरिक उत्साह के साथ मनाया गया। इस पावन अवसर पर, बड़ी संख्या में बच्चे, युवा और ग्रामीण एकजुट हुए और करमा पूजा में भाग लिया।यह पर्व विशेष रूप से बहनों द्वारा अपने भाइयों की लंबी आयु और सुख-समृद्धि के लिए मनाया जाता है। इस दौरान, युवतियों ने निर्जला उपवास रखा और अपने भाइयों के दीर्घायु जीवन की कामना की।पूजा की शुरुआत पारंपरिक विधि-विधान से हुई, जिसमें पुजारियों और बैगाओं ने धार्मिक अनुष्ठान संपन्न कराए। पूजा के दौरान, पारंपरिक लोकगीत गाए गए और डीजे की धुन पर लोग खूब झूमे, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्सव का माहौल बना रहा।इस पर्व का एक महत्वपूर्ण हिस्सा करम डाल होता है, जिसे पूजा के बाद जलाशय में विसर्जित किया जाता है। कल गुरुवार को, श्रद्धालु करम डाल में छिलका रोटी और दातुवन बाँधकर उसे जलाशय में विसर्जित करेंगे, जिसके साथ ही यह पर्व संपन्न होगा।यह पर्व न केवल भाई-बहन के अटूट प्रेम का प्रतीक है, बल्कि प्रकृति और मानव के गहरे संबंध को भी दर्शाता है।



