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Ranchi News : समाज कल्याण विभाग की योजनाओं की प्रगति और प्रभावी कार्यान्वयन को लेकर उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री की अध्यक्षता में आज समाहरणालय ब्लॉक-ए स्थित सभागार में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में जिले के सभी बाल विकास परियोजना पदाधिकारी (CDPO) एवं महिला पर्यवेक्षिकाएं शामिल हुईं।
बैठक का मुख्य उद्देश्य आईसीडीएस (एकीकृत बाल विकास सेवा) से जुड़ी योजनाओं की प्रगति, “पोषण ट्रैकर ऐप” पर डेटा की अद्यतन प्रविष्टि और आंगनबाड़ी केंद्रों की मूलभूत सुविधाओं की समीक्षा करना था। उपायुक्त ने स्पष्ट रूप से कहा कि योजनाओं के कार्यों की समय पर एंट्री नहीं होना गंभीर लापरवाही है और इसे हर हाल में सुधारा जाना चाहिए।
उन्होंने सभी सीडीपीओ और महिला पर्यवेक्षिकाओं को एक सप्ताह के भीतर सुधार करने का निर्देश देते हुए कहा कि यदि तय समयसीमा में कार्यों में सुधार नहीं होता है तो संबंधित कर्मियों पर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने पूर्व में छह सीडीपीओ को भेजे गए शो-कॉज नोटिस के जवाब की भी समीक्षा की। जिला समाज कल्याण पदाधिकारी ने बताया कि अभी तक केवल एक अधिकारी ने जवाब दिया है, जिससे उपायुक्त ने नाराजगी जताई। उन्होंने 48 घंटे के भीतर जवाब दाखिल नहीं करने पर अनुशासनहीनता के आधार पर “प्रपत्र-क” की कार्रवाई शुरू करने का निर्देश दिया।
बैठक में एक और महत्वपूर्ण निर्देश यह भी दिया गया कि जिन आंगनबाड़ी केंद्रों में अब तक बिजली कनेक्शन नहीं है, वहां जल्द से जल्द कनेक्शन सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए बिजली विभाग के कार्यपालक अभियंता को विशेष रूप से जिम्मेदारी सौंपी गई।
उपायुक्त श्री भजंत्री ने यह भी कहा कि समाज कल्याण विभाग की जनकल्याणकारी योजनाएं सीधे समाज के कमजोर वर्गों से जुड़ी होती हैं, इसलिए इन योजनाओं में किसी प्रकार की लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने विभागीय कार्यों को निर्धारित समयसीमा के अंदर पूर्ण करने का निर्देश भी दिया।
इस अहम बैठक में रांची के प्रभारी उप विकास आयुक्त, जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला शिक्षा अधीक्षक, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी, सहायक निदेशक-सामाजिक सुरक्षा, जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी समेत सभी सीडीपीओ और महिला पर्यवेक्षिकाएं उपस्थित थीं।
बैठक के अंत में उपायुक्त ने अधिकारियों से अपील की कि वे अपने कार्यों को पूरी ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ समय पर पूरा करें ताकि सरकार की योजनाएं अंतिम व्यक्ति तक प्रभावी ढंग से पहुंच सकें।

