Saraikela News: सरायकेला-खरसावां जिले के राजनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रसव के दौरान कथित लापरवाही से सहिया विनीता बानरा और उसके नवजात बच्चे की मौत के विरोध में भारतीय जनता पार्टी के बैनर तले धरना-प्रदर्शन किया गया। घटना को लेकर स्वास्थ्य विभाग और वहां तैनात स्वास्थ्य कर्मियों की कार्यशैली पर तीखा सवाल उठाया गया।
धरना कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष सह पूर्व सांसद गीता कोड़ा, प्रदेश मंत्री शैलेन्द्र सिंह और सरायकेला-खरसावां भाजपा जिलाध्यक्ष हरे कृष्णा प्रधान शामिल हुए। सभी नेताओं ने पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की।
मृतका के पति दुर्गा चरन बानरा भी धरना स्थल पर मौजूद रहे।
उनके साथ बड़ी संख्या में भाजपा के जिला एवं मंडल स्तर के कार्यकर्ता और पदाधिकारी शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि स्वास्थ्य केंद्र में समय पर समुचित इलाज और देखभाल नहीं मिलने के कारण यह दर्दनाक घटना हुई है।
भाजपा नेताओं ने सरकार से मृतक के परिजनों को 50 लाख रुपये मुआवजा देने, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने तथा जिम्मेदार स्वास्थ्य कर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाएं स्वास्थ्य व्यवस्था की कमजोरियों को उजागर करती हैं, जिन्हें तत्काल सुधारने की आवश्यकता है।
धरना के बाद भाजपा प्रतिनिधिमंडल ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन अनुमंडल पदाधिकारी, सरायकेला को सौंपा। ज्ञापन में पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों को दंडित करने और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की गई।
अनुमंडल पदाधिकारी ने मामले की गंभीरता को स्वीकार करते हुए उचित और सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि पूरे प्रकरण की जांच कर आवश्यक कदम उठाए जाएंगे ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है और स्थानीय लोग भी स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार की मांग कर रहे हैं।



