Ranchi : आगामी दुर्गापूजा 2025 को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह से सतर्क हो गया है। उपायुक्त मंजुनाथ भजन्त्री की अध्यक्षता में शुक्रवार को जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ एक अहम बैठक आयोजित हुई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य था कि दुर्गापूजा का आयोजन सुचारू, सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से सम्पन्न हो, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक चंदन कुमार सिन्हा, अपर जिला दंडाधिकारी (विधि-व्यवस्था) राजेश्वर नाथ आलोक, पुलिस अधीक्षक (शहर) अजीत कुमार, पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) प्रवीण पुष्कर, अनुमंडल पदाधिकारी (सदर) उत्कर्ष कुमार, नगर निगम के अपर प्रशासक समेत तमाम वरीय अधिकारी मौजूद रहे।

प्रमुख दिशा-निर्देश

उपायुक्त ने साफ शब्दों में कहा कि दुर्गापूजा रांची का महत्वपूर्ण सांस्कृतिक और धार्मिक पर्व है, इसलिए इसकी तैयारियों में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। उन्होंने अधिकारियों को पाँच प्रमुख बिंदुओं पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया।

विधि-व्यवस्था
संवेदनशील इलाकों में पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की जाएगी। पूजा पंडालों और भीड़-भाड़ वाले इलाकों में सीसीटीवी कैमरे और ड्रोन से निगरानी रखी जाएगी। असामाजिक तत्वों पर सख्त कार्रवाई के लिए पुलिस को अलर्ट मोड में रहने का निर्देश दिया गया।

साफ-सफाई
नगर निगम को नियमित सफाई, कचरा निपटान और डस्टबिन की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए कहा गया। साथ ही, स्वच्छता अभियान को प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया।

बिजली आपूर्ति
बिजली विभाग को निर्बाध आपूर्ति की गारंटी देने के साथ-साथ वैकल्पिक इंतजाम (जैसे जनरेटर) की व्यवस्था करने को कहा गया। पंडालों में तारों की सुरक्षा जांच और अनधिकृत कनेक्शन रोकने पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया गया।

ट्रैफिक मैनेजमेंट
शहर में जाम की स्थिति से बचने के लिए ट्रैफिक पुलिस को वैकल्पिक रूट प्लान बनाने और बैरिकेडिंग करने का निर्देश दिया गया। पार्किंग और भीड़ प्रबंधन के लिए विशेष योजना तैयार करने को कहा गया।

पंडाल सुरक्षा
सभी पूजा पंडालों में अग्निशमन यंत्र, आपातकालीन निकास द्वार और प्राथमिक चिकित्सा किट अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया। आयोजकों को सुरक्षा मानकों का पालन करने और प्रशासन से सहयोग बनाए रखने की सलाह दी गई।

बैठक के अंत में उपायुक्त ने कहा— “हमारा लक्ष्य है कि दुर्गापूजा शांतिपूर्ण, सुरक्षित और उत्साहपूर्ण वातावरण में सम्पन्न हो। सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।”

Share.
Exit mobile version