Ranchi News: सिरमटोली फ्लाईओवर ब्रिज को लेकर बुधवार को जहां आदिवासी संगठनों ने झारखंड बंद कर विरोध जताया, वहीं गुरुवार को सीएम हेमंत सोरेन 11 बजे इस बहुप्रतीक्षित फ्लाईओवर का उद्घाटन किया। यह फ्लाईओवर मैकॉन गेट (डोरंडा) से सिरमटोली चौक तक 300 मीटर लंबाई में फैला है और अब पूरी तरह बनकर तैयार है।
इस फ्लाईओवर के शुरू होने से राजधानी रांची के डोरंडा, स्टेशन रोड और कचहरी जैसे भीड़भाड़ वाले इलाकों में ट्रैफिक की समस्या काफी हद तक कम हो जाएगी। साथ ही, यह इंटर-स्टेट कनेक्टिविटी के लिए भी सहायक होगा क्योंकि अब भारी वाहन भी बिना शहर में घुसे, इस रूट से गुजर सकेंगे।
हालांकि, इस फ्लाईओवर के रैंप को लेकर विवाद बरकरार है। केंद्रीय सरना स्थल के पास बनाए गए रैंप को लेकर आदिवासी संगठनों ने नाराजगी जताई है। उनका कहना है कि रैंप के कारण सरहुल जैसे त्योहारों में सरना स्थल तक पहुंचना कठिन हो जाएगा। डॉ. आशा लकड़ा ने भी अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि सरना स्थल की ऊंचाई बढ़ाई जाए और रैंप को फिर से डिज़ाइन कर पिलर आधारित समाधान निकाला जाए।
आदिवासी संगठनों का कहना है कि फ्लाईओवर के डीपीआर में सांस्कृतिक स्थलों की अनदेखी की गई, जिससे उनकी धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। उनका यह भी कहना है कि सरहुल त्योहार के दौरान लाखों की संख्या में आदिवासी समाज के लोग यहां जुटते हैं, ऐसे में उनकी सुविधा का ध्यान रखा जाना चाहिए था। उद्घाटन के मद्देनजर फ्लाइओवर और उसके आसपास सुरक्षा व्यवस्था को बढ़ा दिया गया है।



