India News: केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) के उप निदेशक चिंतन रघुवंशी को 20 लाख रुपये की घूस लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया है। यह कार्रवाई ओडिशा के एक व्यापारी रतिकांत राउत की शिकायत पर की गई, जिसने आरोप लगाया था कि ईडी अधिकारी केस में राहत देने के बदले भारी रिश्वत मांग रहा था।
शिकायतकर्ता रतिकांत राउत ने CBI को लिखित रूप में जानकारी दी थी कि ईडी ने उसके खिलाफ ECIR/BBZO/20/2020 दर्ज किया है। इस केस में गिरफ्तारी से बचाने और अस्पताल की संपत्ति को अटैच न करने के एवज में चिंतन रघुवंशी पहले 5 करोड़ रुपये की घूस मांग रहे थे। बाद में बातचीत के बाद यह रकम घटाकर 2 करोड़ रुपये कर दी गई।
रउत ने यह भी बताया कि उप निदेशक घूस की रकम एक निजी व्यक्ति के माध्यम से मंगवा रहे थे। CBI ने इस शिकायत की प्राथमिक जांच के बाद भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम (PC Act) के तहत एफआईआर दर्ज की और जाल बिछाया। इसके तहत जब पहली किस्त के रूप में 20 लाख रुपये दिए जा रहे थे, उसी समय चिंतन रघुवंशी को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया गया।
CBI अब पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है। यह घटना न सिर्फ एक बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है, बल्कि जांच एजेंसियों की पारदर्शिता पर भी सवाल खड़े करती है।



