Jharkhand News : भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने राज्य सरकार पर दो प्रमुख मुद्दों को लेकर हमला किया है। मरांडी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन पर आरोप लगाया कि उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों की अवहेलना करते हुए अनुराग गुप्ता को राज्य का पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) नियुक्त किया है। मरांडी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट कर आरोप लगाया कि अनुराग गुप्ता यूपीएससी की अनुशंसित सूची में नहीं थे, फिर भी उन्हें डीजीपी बना दिया गया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि गुप्ता का नाम कदाचार से जुड़ा हुआ था, लेकिन इसके बावजूद उनकी नियुक्ति की गई।

मरांडी ने इस नियुक्ति को सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के खिलाफ करार दिया और राज्य सरकार पर कानून और नियमों की अनदेखी करने का आरोप लगाया।

दूसरा मुद्दा मरांडी ने रामगढ़ जिले के गोला से उठाया, जहां सरस्वती पूजा के विसर्जन जुलूस पर हिंसक हमला हुआ था। मरांडी ने कहा कि मंगलवार को रामगढ़ के गोला में सरस्वती पूजा विसर्जन के दौरान एक विशेष समुदाय द्वारा जुलूस पर हमला किया गया, जिसमें दो श्रद्धालु गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्होंने बताया कि ग्रामीण शांतिपूर्वक पूजा के बाद मां सरस्वती की प्रतिमा विसर्जित करने जा रहे थे, लेकिन रास्ते में समुदाय विशेष के लोगों ने जुलूस में शामिल बच्चों और महिलाओं पर हमला कर दिया।

हैरानी की बात यह है कि हमले के वीडियो में आरोपितों की पहचान स्पष्ट होने के बावजूद पुलिस ने किसी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया। मरांडी ने सवाल उठाया कि क्या प्रशासन इस बार भी किसी निर्दोष की हत्या का इंतजार कर रहा है, जैसे कुछ साल पहले सरस्वती पूजा विसर्जन जुलूस से जुड़ी हुई घटना में हुआ था, जब रूपेश पांडेय की हत्या कर दी गई थी।

मरांडी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से तुष्टीकरण की नीति पर सवाल उठाते हुए चेतावनी दी कि अगर प्रशासन ने जल्द ही आरोपितों को गिरफ्तार नहीं किया और सख्त कार्रवाई नहीं की, तो जनता को मजबूरन आंदोलन करने पर विवश होना पड़ेगा।

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