अपनी भाषा चुनेें :
बटन दबाकर थोड़ा इंतज़ार करें...
Lohardaga news : राष्ट्रीय बौद्ध महासभा (आर.बी.एम) के तत्वावधान में आगामी 14 अप्रैल को लोहरदगा में बाबा साहेब जी की 135वीं जयंती बड़े ही धूमधाम और श्रद्धा के साथ मनाई जाएगी। इस अवसर पर शहर में भव्य शोभायात्रा, माल्यार्पण कार्यक्रम और विचार गोष्ठी का आयोजन किया जाएगा। इसमें जिले के लोहरदगा, कुडू, किस्को, भंडरा, सेन्हा, कैरो, पेशरार प्रखंड के विभिन्न गांवों से महिला, पुरुष, बुढ़, बच्चे भाग लेंगे। कार्यक्रम की शुरुआत सुबह 11:30 बजे से होगी। मुख्य जुटान स्थल सोबरन टोली में स्थित स्व. कार्तिक उरांव जी की प्रतिमा के पास रहेगा, जहां से शोभायात्रा निकाली जाएगी।
यह शोभायात्रा बरवा टोली, अपर बाजार, पावरगंज चौक, मेन रोड होते हुए समाहरणालय परिसर स्थित बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर जी की प्रतिमा स्थल तक पहुंचेगी। वहां दोपहर 02:30 बजे माल्यार्पण कर जयंती समारोह का विधिवत शुभारंभ होगा।कार्यक्रम का समापन शाम 05:00 बजे किया जाएगा। इस आयोजन में कई प्रमुख सामाजिक और राजनीतिक हस्तियों की उपस्थिति रहेगी। कार्यक्रम की अध्यक्षता अनिल रविदास बौद्ध करेंगे, जबकि स्वागत सूरज बौद्ध (जिला उपाध्यक्ष) द्वारा दिया जाएगा।
मुख्य अतिथि के रूप में अशोक चौधरी (सीनियर अधिवक्ता, हाई कोर्ट रांची) शामिल होंगे। मुख्य वक्ता के तौर पर रामलाल राम (पूर्व डीएसपी, राज्य अध्यक्ष) और विनोद राम (शिक्षक), संदीप कुमार गुड्डू (राज्य सचिव), बिहारी उरांव (समाजसेवी) अपने विचार रखेंगे। इसके अलावा समाज के कई गणमान्य लोग, सामाजिक कार्यकर्ता और युवा बड़ी संख्या में इस कार्यक्रम में भाग लेंगे। आयोजन समिति ने जिले के सभी सामाजिक संगठनों, बुद्धिजीवियों और आम जनता से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की है।
आयोजकों का कहना है कि यह जयंती समारोह सिर्फ एक श्रद्धांजलि नहीं, बल्कि समाज में समानता, शिक्षा और जागरूकता का संदेश देने का एक सशक्त माध्यम बनेगा। इस कार्यक्रम को लेकर जिला अध्यक्ष अनिल रविदास बौद्ध के नेतृत्व बुधवार से निमंत्रण पत्र वितरित करने का कार्य प्रारंभ किया गया है। निमंत्रण पत्र वितरण टीम में उपाध्यक्ष संतोष बौद्ध, सूरज बौद्ध, सचिव आशीष कुमार बौद्ध, सह-सचिवः अरुण बौद्ध, कोषाध्यक्ष रविन्द्र बौध्द, मिडिया प्रभारी पवन बौद्ध, संगठन प्रभारी विनोद बौद्ध, ईश्वर दास, दिनेश रजक, संजय नायक, राज राम, जश्वंत राम आदि शामिल हैं।

