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West Singhbhum : चाईबासा में सिंहभूम स्पोर्ट्स एसोसिएशन (एसएसए) में कथित भ्रष्टाचार और अनियमितताओं को लेकर जिले के फुटबॉल क्लब सचिव, खिलाड़ी और खेलप्रेमियों ने विरोध जताया। एसोसिएशन ग्राउंड के पास उन्होंने एसएसए के विभिन्न पदाधिकारियों का पुतला फूंककर अपनी नाराजगी व्यक्त की।
पुतला फूंके गए पदाधिकारियों में मिथिलेश कुमार ठाकुर, कोषाध्यक्ष अनिल लकड़ा, कार्यकारिणी सदस्य अर्जुन बानरा और कुलचंद्र कुजूर शामिल हैं। विरोध प्रदर्शन के दौरान खिलाड़ियों और क्लब प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को भी मांग पत्र सौंपा, जिसमें एसएसए की कार्यप्रणाली की उच्चस्तरीय जांच की मांग की गई।
खिलाड़ियों और क्लब सचिवों का आरोप है कि एसएसए पर पिछले 17 वर्षों से एक ही गुट का कब्जा है। संस्था में नियमित चुनाव नहीं हुए और न ही वार्षिक आम सभा (एजीएम) आयोजित की गई। इसके अलावा एसएसए के आय-व्यय का कोई सार्वजनिक ब्योरा उपलब्ध नहीं है, जिससे वित्तीय अनियमितताओं की आशंका और बढ़ गई है।
मांग पत्र में यह भी कहा गया कि स्टेडियम परिसर में बिना अनुमति के अवैध दुकानों का निर्माण हुआ है और उनसे धन वसूला जा रहा है। स्टेडियम की गैलरी, कार्यालय और अन्य सुविधाएं जर्जर हो चुकी हैं।
खिलाड़ियों और क्लब सचिवों ने अपनी मुख्य मांगों में तत्काल एजीएम आयोजित करना, स्वतंत्र ऑडिट कराना, निष्पक्ष चुनाव संपन्न कराना, अवैध दुकानों और अतिक्रमण को हटाना और स्टेडियम के नवीनीकरण की मांग की है।
मांग पत्र पर मधु सुदन समाड, जयसिंह हेस्सा, राज केसरी, युगल किशोर पुरती, विमल बिरुवा, धर्मेन्द्र देवगम, विनोद गोप, हरिचरण गोप, अभय चंद्र देवगम और हेमंत कुमार गोप सहित कई अन्य क्लब सचिवों, खिलाड़ियों और पूर्व खिलाड़ियों ने हस्ताक्षर किए।
मांग पत्र की एक प्रति उपायुक्त पश्चिमी सिंहभूम, जो एसएसए के सह-अध्यक्ष भी हैं, को भी सौंपी गई है। खिलाड़ियों और खेलप्रेमियों का कहना है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई, तो वे और भी व्यापक आंदोलन कर सकते हैं।

