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Jharkhand News: झारखंड की धरती ने एक बार फिर देश को गौरवान्वित किया है। जमशेदपुर के मानगो क्षेत्र की रहने वाली स्नेहा कुमारी ने थाईलैंड में आयोजित अंतरराष्ट्रीय स्ट्रेंथलिफ्टिंग एवं इनक्लाइन बेंच प्रेस चैंपियनशिप 2025 में दो स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रच दिया है। यह जीत न केवल भारत के लिए गर्व का विषय है, बल्कि झारखंड और लौहनगरी जमशेदपुर के लिए भी प्रेरणास्रोत बन गई है।
सोमवार को जब स्नेहा कुमारी टाटानगर रेलवे स्टेशन पहुंचीं, तो पूरा स्टेशन देशभक्ति के नारों और ‘बेटी ज़िंदाबाद’ के जयकारों से गूंज उठा। भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) के जिला अध्यक्ष एवं पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष नीतीश कुशवाहा के नेतृत्व में भारी संख्या में युवाओं और कार्यकर्ताओं ने उनका भव्य स्वागत किया।
स्वागत समारोह के दौरान कार्यकर्ताओं ने स्नेहा कुमारी को अंगवस्त्र, पुष्पगुच्छ और सम्मान-पत्र भेंट कर उनका अभिनंदन किया। स्थानीय खेलप्रेमी, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और मीडिया कर्मियों ने भी इस ऐतिहासिक क्षण का साक्षी बनने में भाग लिया।
इस अवसर पर भाजयुमो जिलाध्यक्ष नीतीश कुशवाहा ने कहा, “स्नेहा की यह उपलब्धि यह सिद्ध करती है कि जब आत्मबल, लगन और नारीशक्ति एक साथ हों, तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है। वे हर उस बेटी के लिए प्रेरणा हैं जो सीमित संसाधनों में भी बड़ा सपना देखती हैं।”
स्नेहा कुमारी ने भी अपने सम्मान पर खुशी जाहिर करते हुए कहा, “यह सम्मान सिर्फ मेरा नहीं, बल्कि हर उस बेटी का है जो अपने सपनों पर विश्वास रखती है। मेरा सपना है कि झारखंड की और भी बेटियाँ अंतरराष्ट्रीय मंच पर देश का परचम लहराएं।” उन्होंने कहा कि उन्हें अपने शहर और राज्य से जो स्नेह मिला है, वह उनके लिए ऊर्जा का स्रोत बना रहेगा।
स्नेहा का यह सफर आसान नहीं था। आर्थिक चुनौतियाँ, संसाधनों की कमी और सामाजिक दबाव जैसे कई पड़ाव उनके मार्ग में आए। लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। अपने परिश्रम, अनुशासन और आत्मविश्वास के बल पर वे आज उस मुकाम पर पहुंचीं जहां से पूरी दुनिया ने भारत का झंडा लहराते हुए देखा।
आज जब देश नारी सशक्तिकरण और बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ की बात करता है, तो स्नेहा जैसी बेटियाँ इन नारों को ज़मीनी हकीकत में बदलती हैं। उनका यह संघर्ष और सफलता आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करेगा कि अगर संकल्प मजबूत हो, तो मंज़िल दूर नहीं होती।

