Jharkhand News: झारखंड के शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें दिल्ली के मेदांता अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया है। लेकिन जैसे ही यह खबर सार्वजनिक हुई, सोशल मीडिया पर उनके स्वास्थ्य को लेकर अफवाहों का बाजार गर्म हो गया। इस पर झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के प्रवक्ता कुणाल साड़ंगी ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है और लोगों से बिना पुष्टि किसी भी जानकारी को साझा न करने की अपील की है।
मेरा विनम्र आग्रह होगा सभी लोगों से और मीडिया के साथियों से कृपया माननीय मंत्री @RamdassorenMLA जी के स्वास्थ्य के बारे में बिना आधिकारिक जानकारी के कुछ भी साझा न करें।
मैं उनके साथ हूँ और हम लोग दिल्ली के अपोलो अस्पताल पहुँचने वाले है। उनकी स्थिति गंभीर ज़रूर है लेकिन स्थिर है…
— Kunal Sarangi 🇮🇳 (@KunalSarangi) August 2, 2025
कुणाल साड़ंगी ने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर लिखा, “मैं खुद माननीय मंत्री RamdassorenMLA जी के साथ हूं और हम लोग अभी दिल्ली के अपोलो अस्पताल में हैं। उनकी स्थिति गंभीर जरूर है, लेकिन स्थिर बनी हुई है।” उन्होंने यह भी कहा कि डॉक्टरों की निगरानी में लगातार इलाज चल रहा है और जल्द ही सुधार की उम्मीद है।
उन्होंने अफवाह फैलाने वालों पर नाराज़गी जताते हुए कहा कि “सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही झूठी खबरें पूरी तरह से गलत और भ्रामक हैं।” ऐसे समय में जब परिवार और समर्थक चिंतित हैं, अफवाहें न केवल तनाव बढ़ाती हैं बल्कि समाज में गलत संदेश भी देती हैं।
JMM प्रवक्ता ने स्पष्ट किया कि मंत्री रामदास सोरेन का इलाज दिल्ली के मेदांता अस्पताल में विशेषज्ञों की टीम द्वारा किया जा रहा है और सभी वाइटल पैरामीटर्स डॉक्टरों की निगरानी में स्थिर हैं। उन्होंने मीडिया से भी अपील की कि वे केवल अधिकृत स्रोतों से मिली जानकारी ही प्रकाशित करें।
कुणाल साड़ंगी ने लोगों से यह भी आग्रह किया कि वे मंत्री जी के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करें और किसी भी अपुष्ट सूचना से दूर रहें। उन्होंने कहा कि झारखंड के शिक्षा मंत्री गरीबों की आवाज़ और आदिवासी समाज की सशक्त प्रतिनिधि हैं और हम सबकी दुआओं से वे जल्द ही स्वस्थ होकर लौटेंगे।



