Bihar News: बिहार के पूर्वी चंपारण जिले में पुलिस ने एक बड़े अंतरराज्यीय साइबर फ्रॉड गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस गिरोह का सीधा पाकिस्तान कनेक्शन सामने आया है, जिससे सुरक्षा एजेंसियों की चिंता और बढ़ गई है। पुलिस अधीक्षक (एसपी) स्वर्ण प्रभात के निर्देश पर साइबर थाना पुलिस ने पश्चिम चंपारण के बैरिया थाना क्षेत्र के तधवानंदपुर में छापेमारी कर चार बदमाशों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में अखिलेश कुमार, रोहित कुमार उर्फ शिव, मनीष कुमार और आनंद कुमार शामिल हैं।
पूछताछ में चौंकाने वाली जानकारी सामने आई है कि अखिलेश और रोहित ने पाकिस्तान से व्हाट्सएप वीडियो कॉलिंग के जरिए साइबर ठगी की ट्रेनिंग ली थी। पुलिस ने इनके ठिकानों से दो लैपटॉप, 12 मोबाइल फोन, 26 सिम कार्ड, 62 डेबिट कार्ड, छह बैंक पासबुक, दो आधार कार्ड, दो पैन कार्ड और एक ई-श्रम कार्ड बरामद किया है। इसके अलावा, इनके पास से दो पाकिस्तानी मोबाइल नंबर भी मिले हैं, जिनसे यह आरोपी पाकिस्तान के शातिर अपराधियों से बातचीत किया करते थे।
यह कार्रवाई तब हुई जब मोतिहारी शहर की एक महिला ने साइबर थाना में शिकायत दर्ज कराई। महिला ने बताया कि सोशल मीडिया पर विदेश में रहने वाले उसके एक रिश्तेदार की फर्जी आईडी बनाकर बदमाशों ने 1.20 लाख रुपये की मांग की और जान से मारने की धमकी दी। डरी-सहमी महिला ने जल्दबाजी में 30 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए, लेकिन फिर पुलिस को इसकी जानकारी दी।
डीएसपी अभिनव परासर के नेतृत्व में पुलिस टीम ने तकनीकी जांच और त्वरित कार्रवाई करते हुए बेतिया जिले से चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया। जांच में सामने आया कि इस गिरोह के खिलाफ बिहार के अलावा पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, झारखंड, महाराष्ट्र, केरल और जम्मू-कश्मीर सहित कई राज्यों में मामले दर्ज हैं।
इस गिरफ्तारी से न केवल साइबर अपराध की बड़ी साजिश का खुलासा हुआ है बल्कि पाकिस्तान से जुड़े नेटवर्क की भी पोल खुली है। पुलिस अब बरामद दस्तावेजों और विदेशी नंबरों की गहन जांच में जुटी हुई है।



