India News: तमिलनाडु के करूर में अभिनेता से नेता बने विजय की पार्टी टीवीके की चुनावी रैली में हुए भगदड़ हादसे ने नया मोड़ ले लिया है। राज्य सरकार ने अब इस घटना से जुड़े कई वीडियो फुटेज जारी कर दिए हैं। सरकार का कहना है कि इन वीडियोज से साफ होता है कि आयोजकों ने सुरक्षा प्रबंधों की अनदेखी की और भीड़ नियंत्रण के लिए पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए।
अब तक 41 की मौत और 51 घायल
27 सितंबर को हुई इस भीड़भाड़ में अब तक 41 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 51 से ज्यादा लोग आईसीयू में भर्ती हैं। हादसे को लेकर टीवीके और सरकार के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। सरकार कह रही है कि आयोजकों ने लापरवाही की, जबकि टीवीके नेताओं का आरोप है कि प्रशासन ने जानबूझकर सुरक्षा इंतजाम कमजोर रखे ताकि रैली असफल हो सके।
टीवीके समर्थक ने की आत्महत्या
इस बीच मामला और संवेदनशील हो गया जब टीवीके के विल्लुपुरम जिले के पदाधिकारी अयप्पन ने आत्महत्या कर ली। 51 वर्षीय अयप्पन ने फंदे से लटककर जान दी। मौके से मिले सुसाइड नोट में उन्होंने लिखा कि “विजय करूर आए थे तब पर्याप्त पुलिस मौजूद नहीं थी। विजय के प्रशंसकों ने कोई गलती नहीं की, बल्कि उन्होंने मदद की। असली जिम्मेदार सेंथिल बालाजी और पुलिस है, इन्हें जेल भेजा जाना चाहिए।”
जांच और राजनीतिक बहस तेज
फिलहाल, हादसे की जांच एक उच्च स्तरीय समिति को सौंपी गई है। लेकिन विजय समर्थक की आत्महत्या से राज्य की राजनीति और गरमा गई है। विपक्ष सरकार को निशाने पर ले रहा है और इसे प्रशासनिक लापरवाही का नतीजा बता रहा है। माना जा रहा है कि करूर हादसा और उससे जुड़ी घटनाएं आने वाले समय में तमिलनाडु की राजनीति का बड़ा विषय बनेंगी।



