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Ranchi : झारखंड प्रदेश के 25वें स्थापना दिवस और धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के अवसर पर सुंदर नगर सुकुरहुटू में पारंपरिक और भव्य खोड़हा जतरा का आयोजन हर्षोल्लास के साथ किया गया। कार्यक्रम भगवान बिरसा मुंडा सेवा समिति के तत्वाधान में आयोजित हुआ, जिसकी अध्यक्षता अनूप लोहार और संचालन मुख्य संरक्षक हरिनाथ साहू ने किया।
जतरा में कांके क्षेत्र के चेड़ी मनातू, नगड़ी, खेलगांव, चिरौंदी, मांडर समेत कुल आठ गांवों की टीमों ने पारंपरिक वेशभूषा में ढोल, मांदर और नगाड़े की थाप पर शामिल होकर आयोजन की शोभा बढ़ाई। आदिवासी संस्कृति की झलक और उलगुलान की भावना से ओतप्रोत यह आयोजन हजारों लोगों की मौजूदगी में एक बड़े सांस्कृतिक उत्सव का रूप लेता दिखा।
आर्केस्ट्रा की धुनों पर भी स्थानीय लोग खूब झूमे और पारंपरिक गीत-संगीत के साथ बिरसा मुंडा के उलगुलान और झारखंड आंदोलन की शौर्यगाथाएं जीवंत हो उठीं। कार्यक्रम का उद्घाटन कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता और बरही विधानसभा के पूर्व प्रत्याशी अरुण साहू ने फीता काटकर किया।
मौके पर मुख्य अतिथि के रूप में कांके विधानसभा के विधायक सुरेश कुमार बैठा उपस्थित थे। वहीं उप प्रमुख अजय बैठा, लोअपा के प्रदेश उपाध्यक्ष अरुण गुप्ता, समाजसेवी अनिल राम, जिला परिषद सदस्य सुषमा देवी, कमलेश राम, ठूमा तिर्की, अजीजुल अंसारी, सूरज यादव समेत कई गणमान्य लोग भी शामिल हुए।
कार्यक्रम को सफल बनाने में समिति के संस्थापक सहदेव मुंडा, बसंत महतो, दूती पाहन, संजय मुंडा, प्रशांत बैठा, उनील महतो, विनोद साहू, मनोज महतो, परनेश महतो समेत बड़ी संख्या में स्वयंसेवकों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
खोड़हा जतरा के दौरान सामाजिक न्याय, एकता और झारखंडी अस्मिता को सशक्त बनाने का संकल्प लिया गया। यह आयोजन न केवल आदिवासी परंपराओं का प्रतीक बना, बल्कि झारखंड आंदोलनकारियों की विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का माध्यम भी सिद्ध हुआ।

