India News: भारी बारिश और मौसम की कठिनाइयों के बावजूद श्रद्धालुओं की आस्था श्री अमरनाथ यात्रा में डगमगाती नजर नहीं आ रही है। शनिवार तड़के जम्मू के भगवती नगर स्थित आधार शिविर से 6,979 तीर्थयात्रियों का नया जत्था रवाना हुआ। यह जत्था सख्त सुरक्षा व्यवस्था के बीच पहलगाम और बालटाल मार्गों से पवित्र अमरनाथ गुफा की ओर प्रस्थान कर गया।

दो मार्गों से जारी है 38 दिवसीय तीर्थयात्रा

अधिकारियों ने बताया कि अब तक करीब 30,000 श्रद्धालु बर्फ से बनी भगवान शिव की पवित्र प्रतिमा के दर्शन कर चुके हैं। यह यात्रा 29 जून से शुरू हुई है और 38 दिनों तक यानी 9 अगस्त तक चलेगी। यात्रा दो प्रमुख मार्गों से की जा रही है— पहला 48 किलोमीटर लंबा पारंपरिक पहलगाम मार्ग (अनंतनाग जिला) और दूसरा 14 किलोमीटर छोटा, लेकिन ज्यादा चढ़ाई वाला बालटाल मार्ग (गांदरबल जिला)।

तीर्थयात्रियों का नया जत्था—आंकड़ों में

शनिवार तड़के 3:30 से 4:05 बजे के बीच तीर्थयात्रियों का यह चौथा जत्था भगवती नगर शिविर से रवाना हुआ। इस जत्थे में शामिल थे:

  • 5,196 पुरुष तीर्थयात्री

  • 1,427 महिलाएं

  • 331 साधु-साध्वी

  • 24 बच्चे

  • 1 ट्रांसजेंडर श्रद्धालु

इनमें से 4,226 तीर्थयात्री 161 वाहनों में सवार होकर पहलगाम मार्ग की ओर रवाना हुए, जबकि 2,753 तीर्थयात्री 151 वाहनों में बालटाल मार्ग की ओर बढ़े।

अब तक जम्मू से रवाना हुए कुल यात्री

उपराज्यपाल मनोज सिन्हा द्वारा बुधवार को यात्रा की औपचारिक शुरुआत किए जाने के बाद से अब तक 24,528 श्रद्धालु जम्मू आधार शिविर से रवाना हो चुके हैं।

सुरक्षा के पुख्ता इंतज़ाम

जम्मू प्रशासन और केंद्रीय बलों द्वारा तीर्थयात्रियों की सुरक्षा के लिए बहुस्तरीय व्यवस्था की गई है। भगवती नगर आधार शिविर को पूर्ण रूप से सुरक्षा घेरे में रखा गया है और जगह-जगह चेकिंग और निगरानी की जा रही है। इसके अलावा आरएफआईडी टैग के जरिए हर श्रद्धालु की ट्रैकिंग सुनिश्चित की गई है।

पंजीकरण और आवास व्यवस्था

अब तक 3.5 लाख से अधिक तीर्थयात्रियों ने ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कराया है। मौके पर पंजीकरण के लिए 12 विशेष काउंटर बनाए गए हैं। जम्मू भर में 34 आवास केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहां श्रद्धालुओं को रुकने और भोजन की व्यवस्था की गई है।

प्रशासन की अपील

प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे मौसम की स्थिति और प्रशासनिक निर्देशों को ध्यान में रखते हुए यात्रा करें। भारी बारिश और भूस्खलन की संभावनाओं को देखते हुए यात्रा मार्गों पर विशेष सतर्कता बरती जा रही है।

भक्तों में भारी उत्साह

बावजूद इसके कि कश्मीर घाटी में हाल ही में आतंकी हमले हुए हैं, अमरनाथ यात्रा को लेकर श्रद्धालुओं का उत्साह ज़रा भी कम नहीं हुआ है। सुरक्षा बलों की सतर्कता और प्रशासन के मजबूत प्रबंधों ने यात्रियों को विश्वास और सुरक्षा का भाव दिया है। कई श्रद्धालुओं ने कहा कि अमरनाथ बाबा के दर्शन के लिए कोई भी कठिनाई आड़े नहीं आ सकती।

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