अपनी भाषा चुनेें :
बटन दबाकर थोड़ा इंतज़ार करें...
Health News: अगर आप सुबह उठते ही थका हुआ महसूस करते हैं, काम में मन नहीं लगता या हल्का चलने पर भी सांस फूलने लगती है, तो इसे सिर्फ ओवरवर्क या नींद की कमी मत समझिए। विशेषज्ञों का कहना है कि यह शरीर में आयरन की कमी का पहला संकेत हो सकता है।
हीमोग्लोबिन पर असर, ऑक्सीजन पहुंचने में दिक्कत
लंदन के स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं कि आयरन शरीर में हीमोग्लोबिन बनाने का मुख्य आधार है। यही हीमोग्लोबिन खून के जरिए शरीर के हर हिस्से तक ऑक्सीजन ले जाता है। जब आयरन कम होता है, तो ऑक्सीजन की सप्लाई धीमी पड़ जाती है और शरीर तुरंत थकने लगता है। धीरे-धीरे इसके लक्षण इतने सामान्य दिखते हैं कि लोग इन्हें अनदेखा कर देते हैं- जैसे लगातार कमजोरी, पीली त्वचा, होंठों का फीका पड़ना और पलकें सफेद दिखना।
बाल झड़ना, नाखून टूटना और सांस फूलना भी संकेत
विशेषज्ञों के मुताबिक आयरन की कमी सिर्फ थकान ही नहीं बढ़ाती, बल्कि बाल झड़ने लगते हैं, नाखून कमज़ोर हो जाते हैं और थोड़ा भी चलने पर सांस फूलने लगती है। कई लोगों में चक्कर, सिरदर्द और ठंड ज्यादा लगना भी आम है। कम आयरन होने पर इम्युनिटी भी गिरती है, जिससे शरीर जल्दी बीमार पड़ता है।
कौन-कौन से खाद्य पदार्थ करें पूरा काम?
आयरन की कमी को सही खानपान से आसानी से रोका जा सकता है। हरी पत्तेदार सब्जियां- जैसे पालक, चौलाई, मेथी- इसके बेहतरीन स्रोत हैं। दालें, चना, राजमा, बाजरा और सूखे मेवे भी काफी मददगार हैं। नॉन-वेज खाने वालों के लिए चिकन लिवर, मछली और अंडे की जर्दी काफी प्रभावी मानी जाती है। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि आयरन युक्त भोजन के साथ विटामिन-C जरूर लें- जैसे नींबू, संतरा, अमरूद- ताकि आयरन सही तरह से शरीर में अवशोषित हो सके।
कब जरूरी है डॉक्टर से जांच कराना?
अगर हीमोग्लोबिन बहुत नीचे चला जाए, तो सप्लीमेंट या आयरन इंजेक्शन की जरूरत पड़ सकती है। लेकिन यह डॉक्टर की सलाह के बिना नहीं लेना चाहिए, क्योंकि अधिक आयरन भी शरीर को नुकसान करता है। विशेषज्ञों की मानें तो शरीर बार-बार संकेत देता है- बस जरूरत है उन्हें समय पर समझने की। सही आहार और समय पर जांच से आयरन की कमी की मुश्किलें आसानी से टाली जा सकती हैं।

