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India News: दिल्ली-एनसीआर की हवा एक बार फिर जहरीली हो चली है। दीपावली से ठीक पहले वायु प्रदूषण का स्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिससे लोगों को सांस लेने में दिक्कत हो रही है। ताज़ा रिपोर्ट के मुताबिक, दिल्ली, नोएडा और गाजियाबाद के कई क्षेत्रों में एक्यूआई ‘बहुत खराब’ और कुछ इलाकों में ‘गंभीर’ श्रेणी में पहुंच गया है।
नोएडा के कई इलाकों में प्रदूषण ने चिंताजनक स्तर छू लिया है। सेक्टर-62 में एक्यूआई 244, सेक्टर-1 में 286 और सेक्टर-116 में 290 दर्ज किया गया। वहीं सेक्टर-125 में एक्यूआई 319 तक पहुंच गया, जो गंभीर श्रेणी की दहलीज पर है। ऐसी ही स्थिति गाजियाबाद में भी देखने को मिल रही है, जहां वसुंधरा में 290, इंदिरापुरम में 298, संजय नगर में 325 और लोनी में 351 दर्ज किया गया।
राजधानी दिल्ली में भी प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ रहा है। ओखला फेज-2 में एक्यूआई 223, पुसा में 277 और मुनकद में 282 रिकॉर्ड हुआ। सबसे खराब हालात आनंद विहार में नजर आए, जहां एक्यूआई 379 तक पहुंच गया। इससे साफ है कि एनसीआर की हवा लोगों के स्वास्थ्य के लिए खतरा बन चुकी है।
नोएडा, दिल्ली और गाजियाबाद में GRAP लागू
प्रदूषण के बढ़ते स्तर को देखते हुए प्रशासन ने ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) के स्टेज-1 को लागू कर दिया है। इसके तहत सड़कों की धुलाई, धूल नियंत्रण के लिए वॉटर स्प्रिंकलिंग, और कंस्ट्रक्शन साइट्स पर कवरिंग जैसे कदम उठाए जा रहे हैं। साथ ही कूड़ा जलाने और खुले में निर्माण गतिविधियों पर सख्ती बढ़ा दी गई है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि बिना जरूरी काम के घर से बाहर न निकलें और बाहर जाते समय एन-95 जैसे प्रभावी मास्क का इस्तेमाल करें। बच्चों, बुजुर्गों और सांस के मरीजों के लिए यह स्थिति खासतौर पर खतरनाक बताई गई है।
त्योहारों की रौनक के बीच दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण की यह काली परछाई चिंता बढ़ा रही है। प्रशासनिक प्रयासों के बावजूद अगर हवा की गुणवत्ता इसी तरह नीचे गिरती रही, तो आने वाले दिनों में हालात और गंभीर हो सकते हैं।

